शोहरत अली
मछलीशहर, जौनपुर। समग्र शिक्षा अभियान के अंतर्गत स्थानीय बीआरसी प्रांगण में दिव्यांग बच्चों के अभिभावक परामर्श गोष्ठी का आयोजन हुआ। कार्यक्रम की देख-रेख जिला समन्वयक शशिधर उपाध्याय एवं खण्ड शिक्षा अधिकारी अमरदीप जायसवाल ने किया। गोष्ठी में लगभग 50 अभिभावकों ने प्रतिभाग किया।
रिसोर्स पर्सन अमर बहादुर पटेल ने अभिभावकों को संबोधित करते हुए बताया कि प्रत्येक दिव्यांग बच्चे का दिव्यांग प्रमाण पत्र होना आवश्यक है, क्योंकि इसके माध्यम से बच्चे विभिन्न सरकारी सुविधाओं का लाभ प्राप्त कर सकते हैं। विशेष शिक्षक संजय मिश्र ने कहा कि कक्षा 1 से 8 तक पढ़ने वाले दिव्यांग बच्चों को प्रोत्साहन राशि दी जाती है जिसमें बालिकाओं को 2000 रुपये स्टाइपेंड के रूप में तथा बालकों को 6000 रुपये स्कार्ट भत्ता दिया जाता है। साथ ही यूडीआई कार्ड बनने पर दिव्यांग बच्चों को सरकारी बसों में निःशुल्क यात्रा की सुविधा भी मिलती है।
विशेष शिक्षक मनोज गुप्ता, शरद तिवारी, हरिलाल तथा त्रिभुवन सिंह पटेल ने भी बारी-बारी से दिव्यांगता, उसकी पहचान और बच्चों के अधिकारों पर प्रकाश डाला। अंत में बच्चों एवं उनके अभिभावकों को सूक्ष्म जलपान कराने के पश्चात खण्ड शिक्षा अधिकारी अमरदीप जायसवाल ने कार्यक्रम की समापन की घोषणा किया।